वैश्य आभा : 20 वर्षों का प्रेरणादायी सफर :
अग्रवाल वैश्य समाज के समान आचार-विचार एवं मांगलिक कार्यों में समान रिति-रिवाजों को मानने वाले वैश्य समाज के घटक अग्रवाल ओसवाल माहेश्वरी विजयवर्गीय खण्डेलवाल एवं महावर समाज सहित अन्य घटकों को एकता के सूत्र में पिरोने तथा इन घटकों में आपसी समन्वय – सामजस्य और राजनैतिक जागरूकता का संचार करने का उद्देश्य लेकर वर्ष 2006 में राजस्थान के जिला मुख्यालय श्री गंगानगर से मासिक पत्रिका के रूप में ” वैश्य आभा ” का शुभारंभ किया गया जिसकी टैगलाइन है सामाजिक एवं राजनैतिक चेतना की संवाहक मासिक पत्रिका वैश्य आभा ।
वर्ष 2006 से आरंभ हुए वैश्य आभा के 20 वर्ष के सफर में पत्रिका ने प्रत्येक माह पत्रिका में प्रकाशित विचारोतेजक लेखों के माध्यम से अग्र वैश्य समाज को सामाजिक एवं राजनैतिक रूप से संगठित होने के लिये प्रेरित किया जिसके सकारात्मक परिणाम वर्ष 2013 में गंगानगर विधानसभा क्षेत्र से पहली बार अग्रवाल समाज की बेटी कामिनी जिंदल सिंगला को विधायक पद पर निर्वाचित होने का अवसर मिला जो उनके पिता स्व. श्री बी.डी. अग्रवाल के अग्र वैश्य समाज को संगठित करने के प्रयासों का सुपरिणाम भी कहा जा सकता है। वर्ष 2023 के चुनावों में गंगानगर से माहेश्वरी समाज के प्रमुख व्यक्तित्व एवं वैश्य आभा पत्रिका के संस्थापक मुख्य संरक्षक श्री जयदीप बिहाणी विधायक बनें और हनुमानगढ़ से अग्रवाल समाज के स्तंभ श्री गणेशराज बंसल विधायक हैं।














वर्तमान में वैश्य आभा पत्रिका राजस्थान की परिधि को लाँघ कर दिल्ली की प्रमुख पत्रिका के रूप में अपना स्थान बना रही है जिसमें पत्रिका के युवा सह-संपादक तुषांत गुप्ता का अथक परिश्रम शामिल है और दिल्ली में दिल्ली विधानसभा के अध्यक्ष एवं अग्रवाल समाज के प्रमुख व्यक्तित्व श्री रामनिवास गोयल, विधायक श्री महेन्द्र गोयल एवं विधायक श्री राजेश गुप्ता एवं विधायक श्री अजय महावर का असीम स्नेह एवं मार्गदर्शन पत्रिका परिवार को मिलना हर्ष का विषय है। छत्तीसगढ़ प्रदेश में भी पत्रिका ने गहरी पकड बनाने में सफलता प्राप्त की है जिसमें रायपुर से वर्तमान विधायक एवं कैबिनेट मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल तथा बसना से विधायक श्री संपत अग्रवाल का पत्रिका के सह-संपादक तुषांत गुप्ता को मिले असीम स्नेह एवं आशीर्वाद का परिणाम है।
उत्तर-प्रदेश के कैबिनेट मंत्री श्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी का मार्गदर्शन पत्रिका को मिल रहा है तथा यूपी के कुछ जिलों के साथ-साथ चण्डीगढ़ में भी पत्रिका का प्रसार हुआ जिससे हमें यह बताते हुए गर्व की अनुभूति होती है कि सबके सहयोग एवं मार्गदर्शन से वैश्य आभा पत्रिका राष्ट्रीय पत्रिका के रूप में पहचान बना रही है तथा शीघ्र ही पत्रिका का प्रसार दुबई एवं विश्व के अन्य देशों में भी किया जायेगा
Objectives (उद्देश्य) :
वैश्य आभा का उद्देश्य वैश्य समाज के लोगों के बीच आपसी जुड़ाव और सहयोग को बढ़ाना है। विशेष रूप से व्यापार और उद्योग से जुड़े लोगों के लिए व्यावसायिक नेटवर्किंग के अवसर तैयार करना इसका प्रमुख लक्ष्य है, ताकि समाज आर्थिक रूप से भी मजबूत बन सके। इसके साथ-साथ राजनीति और प्रशासन में वैश्य समाज की सक्रिय भागीदारी को प्रोत्साहित करना भी इसका उद्देश्य है। पत्रिका समाज की प्रतिभाओं, सफल उद्यमियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और प्रेरणादायी व्यक्तित्वों को सामने लाकर दूसरों को आगे बढ़ने की प्रेरणा देती है। सामाजिक, शैक्षिक और सांस्कृतिक गतिविधियों को प्रमुखता देना भी इसके उद्देश्यों में शामिल है। वैश्य आभा समाज में जागरूकता, एकता और आत्मविश्वास को मजबूत कर, एक संगठित और जिम्मेदार समाज के निर्माण की दिशा में कार्य करना चाहती है।
Core Values (मूल्य) :
वैश्य आभा सादगी, सच्चाई और समाजहित को अपने मूल्यों का आधार मानती है। यह पत्रिका निष्पक्षता और पारदर्शिता के साथ समाज से जुड़ी हर जानकारी प्रस्तुत करने में विश्वास रखती है। सेवा भाव, आपसी सहयोग और सम्मान इसके प्रमुख मूल्य हैं। वैश्य आभा समाज के हर वर्ग को समान महत्व देती है और सकारात्मक सोच को बढ़ावा देती है। यह पत्रिका समाज में स्वस्थ विचारों, अच्छे कार्यों और प्रेरणादायी प्रयासों को आगे लाने का काम करती है। अनुशासन, जिम्मेदारी और सामूहिक विकास इसके मूल सिद्धांत हैं। वैश्य आभा किसी भी प्रकार की नकारात्मकता से दूर रहकर समाज को जोड़ने और मजबूत करने में विश्वास रखती है। समाज के संस्कारों और परंपराओं का सम्मान करते हुए, आधुनिक सोच के साथ आगे बढ़ना इसके मूल्यों का हिस्सा है।
Vision (विजन) :
वैश्य आभा का विज़न एक ऐसी विश्वसनीय और प्रभावी पत्रिका बनना है जो वैश्य समाज की पहचान और आवाज बने। समाज को सामाजिक, व्यावसायिक और राजनीतिक रूप से मजबूत करना इसका दीर्घकालिक लक्ष्य है। पत्रिका चाहती है कि वैश्य समाज संगठित होकर देश के विकास में सक्रिय भूमिका निभाए। नई पीढ़ी में नेतृत्व की भावना पैदा करना, समाज की सोच को सकारात्मक दिशा देना और सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक करना इसके विज़न का हिस्सा है। वैश्य आभा समाज की शक्ति को सही दिशा में आगे बढ़ाने के लिए विचारों का मंच बनना चाहती है। राजनीति, प्रशासन और नीति निर्माण में वैश्य समाज की भागीदारी को मजबूत करना भी इसके विज़न का अहम पक्ष है। समाज की एकता, आत्मविश्वास और पहचान को नई ऊँचाइयों तक ले जाना ही वैश्य आभा का सपना है।
Mission (मिशन)
वैश्य आभा का मिशन वैश्य समाज की सोच, मेहनत और उपलब्धियों को एक साझा मंच पर लाना है। यह पत्रिका समाज के अलग-अलग क्षेत्रों में काम कर रहे लोगों को एक-दूसरे से जोड़ने का प्रयास करती है, ताकि अनुभवों का आदान-प्रदान हो सके और नई सोच को आगे बढ़ाया जा सके। व्यापार, उद्योग, शिक्षा, सेवा, संस्कृति और सामाजिक गतिविधियों से जुड़ी सकारात्मक खबरों और प्रयासों को सरल भाषा में प्रस्तुत करना इसका मुख्य उद्देश्य है। वैश्य आभा समाज की अच्छी पहल, संघर्ष और सफलता की कहानियों को सामने लाकर लोगों को प्रेरित करना चाहती है। यह पत्रिका केवल जानकारी देने तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज में संवाद, सहयोग और आपसी समझ को मजबूत करने का माध्यम बनना चाहती है। युवाओं को सही दिशा देना, वरिष्ठों के अनुभवों को साझा करना और समाज के हर वर्ग की आवाज को जगह देना इसके मिशन का अहम हिस्सा है। वैश्य आभा समाज को संगठित सोच के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करती है।
FAQS [ Frequently Asked Questions ]:
युवा मार्गदर्शन, कैरियर प्रेरणा, प्रतिभा सम्मान, महिला सशक्तिकरण कार्यक्रम, सामाजिक जागरूकता अभियान तथा मंच प्रदान करने जैसी विशेष पहलें निरंतर चलाई जाती हैं।
यह एक मासिक पत्रिका है, जिसका नियमित प्रकाशन प्रत्येक माह किया जाता है।
हाँ, समाज के व्यापारी एवं उद्यमी अपने प्रतिष्ठान, सेवाओं या उत्पादों के प्रचार हेतु विज्ञापन दे सकते हैं।
हाँ, पत्रिका का डिजिटल स्वरूप भी उपलब्ध कराया जाता है ताकि अधिक लोग इसे आसानी से पढ़ सकें।
हाँ, समय-समय पर सेवा कार्य, सहयोग अभियान, सम्मान कार्यक्रम एवं सामाजिक पहलें आयोजित की जाती हैं।
हाँ, नए व्यवसाय शुरू करने वाले युवाओं को परिचय, प्रचार और मार्गदर्शन का अवसर दिया जाता है।
हाँ, समाज के विशिष्ट व्यक्तियों, प्रतिभाशाली विद्यार्थियों और समाजसेवियों का सम्मान किया जाता है।
हाँ, संस्था सदस्यों के सुझावों और विचारों का स्वागत करती है।
हाँ, प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को सम्मानित और प्रोत्साहित किया जाता है।
वेबसाइट, ईमेल या अधिकृत प्रतिनिधि के माध्यम से संपर्क कर सदस्यता लेकर जुड़ा जा सकता है।